पश्चिम बंगाल के पहाड़ी इलाकों दार्जिलिंग और मिरिक में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचाई है।
पिछले 48 घंटों से जारी बारिश के कारण कई जगहों पर भूस्खलन हुआ, जिसमें अब तक 20 लोगों की मौत हो चुकी है और कई लोग घायल बताए जा रहे हैं।
कई मकान और सड़कें मलबे में दब गई हैं, जिससे स्थानीय जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है।
राज्य आपदा प्रबंधन दल और एनडीआरएफ की टीमें राहत-बचाव कार्य में जुटी हुई हैं।
दार्जिलिंग-मिरिक मार्ग पर यातायात बंद कर दिया गया है, जबकि कई इलाकों में बिजली और मोबाइल नेटवर्क ठप हैं।
प्रशासन ने पर्यटकों से अपील की है कि वे फिलहाल पहाड़ी क्षेत्रों की यात्रा से बचें।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना जताई है और केंद्र सरकार की ओर से हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया है।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी स्थिति की समीक्षा करते हुए प्रभावित परिवारों के लिए मुआवज़े की घोषणा की है।
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटे तक इन इलाकों में भारी बारिश जारी रहने की संभावना है, जिससे प्रशासन ने सभी जिलों को रेड अलर्ट पर रखा है।
इस बीच, सैकड़ों पर्यटक दार्जिलिंग और आसपास के इलाकों में फँसे हुए हैं, जिन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की कोशिशें जारी हैं।

